बिना अनुमति के काटे जा रहे हैं पेड़ा

pnpandey

रुकावट बने पेड़ को कैसे हटवाएं, अवैध कटाई पर क्या जुर्माना, 

पेड़ काटने के लिए आपको वन विभाग में एक पेड़ के एवज में 34500 रुपये जमा करवाने पड़ेंगे। वह भी यदि पेड़ किसी प्राइवेट प्रॉपर्टी में हैं तो। अगर पेड़ सरकारी जमीन पर है या आप व्यवसायिक प्रोजक्ट के लिए पेड़ काटना चाहते हैं तो यह चार्ज एक पेड़ पर 57 हजार तक हो जाता है।

 बांसवाड़ा महात्मा गांधी चिकित्सालय के अंदर अवैध रूप से पेड़ों की कटाई हो रही लेकिन जब इस पर सामाजिक संगठन एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा इसका विरोध किया गया तो यह खबर प्रकाशित भी की गई लेकिन आनन-फानन में तहसीलदार महोदय ने पेड़ काटने के बाद एक आदेश जारी किया पत्र क्रमांक 190 दिनांक 23 2 2022 को उस पत्र में लिखा गया कि पेड़ की कटाई की जा सकती है 15 दिन का अवधि समय दिया गया


पेड़ हमारे लिए बहुत जरूरी हैं। इन्हीं की बदौलत हमें साफ हवा मिलती है, लेकिन कई बार ये बहुत ज्यादा बढ़ जाते हैं और इनकी कटाई-छंटाई जरूरी हो जाती है, जिससे कि कोई अनहोनी न हो जाए। इसलिए जरूरी है कि जब भी आप किसी पेड़ की कटाई करना चाहते हैं या उसकी छंटाई चाहते हैं तो आपको कुछ बातों की जानकारी होना जरूरी हैं। वर्ना पेड़ों को नुकसान पहुंचाते ही आप पर कानूनी पचड़े में फंस सकते हैं।

अगर किसी पेड़ से आपको खतरा है या आपकी प्रॉपर्टी को नुकसान पहुंचने की आशंका है तो आप उसे काटने या छांटने की कार्रवाई कर सकते हैं। पेड़ों की छंटाई के लिए कोई चार्ज नहीं है। इसके लिए आपको पता करना होगा कि वह पेड़ किसकी प्रॉपर्टी पर है। यह पता करने के बाद आप ऑनलाइन या ऑफलाइन अपना आवेदन कर सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन करना है तो treeremoval.delhigovt.nic.in पर आवेदन कर सकते हैं।आवेदन आपको वन विभाग और पेड़ जिसकी संपत्ति पर है उन दोनों के नाम करना है। पेड़ों की कटाई के लिए भी आपको आवेदन करना है। फर्क सिर्फ इतना है कि पेड़ काटने के लिए आपको वन विभाग में एक पेड़ के एवज में 34500 रुपये जमा करवाने पड़ेंगे। वह भी यदि पेड़ किसी प्राइवेट प्रॉपर्टी में हैं तो। अगर पेड़ सरकारी जमीन पर है या आप व्यवसायिक प्रोजक्ट के लिए पेड़ काटना चाहते हैं तो यह चार्ज एक पेड़ पर 57 हजार तक हो जाता है।

ऐसे करें आवेदन
आवेदन के समय आपकी पूरी पहचान, पेड़ जिसकी प्रॉपर्टी में हैं उसकी पूरी डीटेल, पेड़ की फोटो आदि से संबंधित डॉक्युमेंट् जमा करवाने होते हैं। पेड़ क्यों काटना है इसकी भी जानकारी देनी होती है।

अगली प्रक्रिया

आवेदन मिलने के बाद ट्री ऑफिसर साइट का निरीक्षण करता है और आपकी दी गई जानकारी की जांच कर अपनी रिपोर्ट विभाग को सौंपता है। अगर आवेदन गलत पाई जाती है, तो आवेदन रद्द किया जा सकता है।

बिना मंजूरी पेड़ काटा, तो क्या है सजा
यदि किसी ने बिना मंजूरी के पेड़ों की छंटाई की है तो इसके लिए न्यूनतम 20,000 रुपये के जुर्माने की सजा है। यह जुर्माना छंटाई के तरीके के आधार पर बढ़ सकता है। मसलन पेड़ की कितनी टहनियां कटी हैं, पेड़ की छंटाई के नाम पर उसे कितना नुकसान पहुंचाया गया है। यदि पेड़ बिना मंजूरी के काटा गया तो उसके लिए न्यूनतम 60,000 रुपये का जुर्माना है।

   


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